अर्थिंग कितने प्रकार की होती हैं? | अर्थिंग के मुख्य 3 प्रकार

दोस्तों इस आर्टिकल मे आप हिन्दी मे जान पाएँगे की अर्थिंग के मुख्य कितने प्रकार होते हैं? Electrical Installation में नीचे बताई गई तीन तरहों की अ र्थिंग का उपयोग किया जाता है।

  1. System Earthing ( Neutral Earthing )
  2. Equipment Earthling ( उपकरण अर्थिंग)
  3. Special Requirement Earthing (विषेश मांग पर की जाने वाली अर्थिंग)

System Earthing ( Neutral Earthing)

सिस्टम अर्थिंग विद्युत निर्मिति केंद्र (जनरेटिंग स्टेशन), और सबस्टेशन में की जाती है। जनरेटिंग स्टेशन के अल्टरनेटर की वाइंडिंग और सबस्टेशन में पॉवर ट्रांसफार्मर की सेकंडरी वाइंडिंग का स्टार कनेक्शन करके उनका स्टार पॉइंट अर्थ किया जाता है। जिसे सिस्टम अ र्थिंग या न्यूट्रल Earthing कहा जाता है।

सिस्टम अर्थिंग की वजह से सम्पूर्ण विद्युत प्रणाली का रक्षण होता है। विद्युत प्रणाली में अगर कोई दोष निर्माण होता है तब, उस प्रणाली में स्थित Protection Device कार्यान्वित हो जाते हैं। और फॉल्टी सेक्शन को सर्किट से अलग कर देते हैं। ईस वाजह से विद्युत प्रणाली मे स्थित साधन सामग्री और उपकरणो का बचाव होता है।

उदाहरण- अगर ओव्हरहेड लाईन का कोई एक कंडक्टर टूटकर जमीन पर गिर जाए तब वह कंडक्टर वहां पर संचार कर रहे प्राणी/ मनुष्यों के लिए अत्यंत ही धोकादायक साबित हो सकता है।

अगर कभी ऐसा होता है तो उस सर्किट में अर्थ फॉल्ट होकर सुरक्षा उपकरण कार्यान्वित हो जाते हैं और उस टूटे कंडक्टर वाले हिस्से को विद्युत सप्लाय से अलग कर देते हैं। जिस वजह से वहा संचार कर रहे मनुष्य/ प्राणी तथा उपकरण होने वाली हानि से बच जाते हैं।

थ्री फेज प्रणाली में डिस्ट्रीब्यूशन ट्रांसफार्मर की सेकंडरी वाइंडिंग का स्टार कनेक्शन करके वह पॉइंट अर्थ किया जाता है। उस अर्थ पॉइंट से लोड के लिए एक न्यूट्रल वायर बाहर निकली जाती है। इसे न्यूट्रल Earthing कहते हैं।

थ्री फेज में अगर लोड अनबैलेंस हो जाए, तब उस सर्किट का अनबैलेंस करंट न्यूट्रल अ र्थिंग से होता हुआ जमीन में चला जाता है। इस वजह से लाइन और अर्थ में का पोटेंशल डिफरेन्स कम होकर थ्री फेज का वोल्टेज बैलेंस कायम रखा जाता है।

इस वजह से उस सर्किट में स्थित उपकरणों को सुरक्षित रखा जाता है। यह सिस्टम अर्थिंग की वजह से ही संभव होता है।

Equipment Earthing (उपकरण अर्थिंग)

विद्युत उपकरण का वह धातुयुक्त भाग जो विद्युत प्रवाह के बहाव के लिए उपयोग में न आता हो, अथवा उपकरण की बॉडी का संबंध स्थायी और निर्बाध रूप से सिस्टम अर्थिंग से करना Equipment Earthing (उपकरण अर्थिंग) कहलाता है। हमारे घरों में कई जाने वाली अर्थिंग यह Equpment Earthing का ही एक प्रकार है।

किसी भी विद्युत उपकरण और उसपर काम काम कर रहे मानवी जीवन की सुरक्षा के लिए उस उपकरण को अर्थिंग करना बोहोत जरूरी होता है। उपकरण में इस्तेमाल किए जाने वाले इन्सुलेशन का रेसिस्टेन्स कम होकर उसमे से लीकेज करंट बहने लगता है।

यह लीकेज करंट उपकरण के धातुयुक्त भाग में निरंतर घूमते रहता है, जिस वजह से उपकरण की उष्णता बढ़कर वह जलने की संभावना होती है। ऐसे समय पर Equipment Earthing की वजह से वह लीकेज करंट जमीन में चला जाता है, और उपकरण सुरक्षित रह पाता है।

अगर उपकरण को विद्युत स्पाय देने वाली केबल या वायर का इंसुलेशन किसी कारणवर्ष खराब हो जाए तो फेज या लाईव वायर का उपकरण की बॉडी से सीधा संपर्क होता है, और उपकरण की बॉडी में विद्युत करंट का बहाव होने लगता है।

अगर कोई इंसान उस उपकरण पर काम करने लगे तो, उपकरण को स्पर्श करते ही उस इंसान को जोरदार बिजली का झटका मेहसूस होगा। उस इंसान की जान भी जा सकती है।

वह उपकरण अगर Equipment Earthing (उपकरण अर्थिंग) से जुड़ा हो तो वहां अर्थ फॉल्ट होकर सुरक्षा साधन (फ्यूज/MCB) कार्यान्वित होंगे और उस उपकरण को विद्युत आपूर्ति से अलग कर देंगे। परिणामस्वरूप उस उपकरण पर काम करने वाला व्यक्ति सुरक्षित रहेगा।

डबल अर्थिंग

अर्थ कंडक्टर अगर किसी कारण से बीच से कहीं टूट जाए या खराब हो जाए, तो उपकरण पर काम करते समय ऊपर बताई गई जीवित या वित्त हानि संभव होती है। ऐसा न हो इसलिए अधिक सुरक्षा हेतु औद्योगिक उपकरण के धातुयुक्त बॉडी में दो जगहों पर दो अलग अलग अ र्थिंग की जाती है।

जिसे डबल अर्थिं ग कहते हैं। यदि उनमेसे कोई एक अर्थिंग निष्क्रिय हो जाये तो दूसरी अर्थिंग से उपकरण सुरक्षित रहता है।

विशेष मांग पर की जाने वाली अर्थिंग | Special Demand Earthing

कुछ विशिष्ट जगहों पर ऊंची इमारतों की Static Charge (आकाशीय बिजली) से सुरक्षा करने के लिए Static Earthing की जाती है।

बड़ी-बड़ी इमारतें और हॉस्पिटल के ऑपेरशन थिएटर ऎसी जगहों पर लाइटनिंग कंडक्टर इनस्टॉल करके उनको Earthing से कनेक्ट किया जाता है। 

ओवर हेड लाइन पर लाइटनिंग अरेस्टर इनस्टॉल करके उन्हें भी अर्थ किया जाता है।

जिससे आकाशीय बिजली का डिस्चार्ज अर्थ कंडक्टर  से होकर जमीन में चल जाता है। और इस प्रकार ऊंची इमारते और ओवर हेड लाईन सुरक्षित रहते हैं।

Clean Earthing (क्लीन अर्थिंग)

कहीं जगहों पर कंप्यूटर डेटा प्रोसेसिंग उपकरणों के लिए क्लीन Earthing की जाती है। जो स्वतंत्र रूप से कंप्यूटर सिस्टम से कनेक्ट होती है। क्लीन अर्थिं ग मतलब ऐसी अर्थिंग जो आम तौर पर इस्तेमाल की जाने वाली अर्थिंग के संपर्क में न होकर सिर्फ एक ही उपकरण के लिए इस्तेमाल की जाती है।

अर्थिंग करना जरूरी क्यों होता है। Why Earthing System is Important? (In Hindi)

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